सिंह राशिफल
5 अक्टूबर 2026 का राशिफल
आज
आज चंद्रमा आपके बारहवें भाव से गुज़र रहा है, जिससे विश्राम, ख़र्च और त्याग सामने आते हैं। कोई ग्रह हावी नहीं है, इसलिए आज बड़े दाँव से ज़्यादा लगातार मेहनत काम आएगी। बदलाव और अप्रत्याशित के मामलों में धीरे चलिए — वहाँ शनि धैर्य माँग रहा है। सुबह की एक छोटी प्रार्थना पूरा दिन शांत और आशा भरा रखती है।
- प्रेम और अपने लोग
- एक कठोर ग्रह आज आपके साझेदारी भाव से गुज़र रहा है। कुछ बिगड़ा नहीं है — बस आज एक तीखी बात कहने से रुक जाइए।
- क्या करें
- जिसे दो बार पढ़ा न हो, उस पर आज हस्ताक्षर मत कीजिए।
- आज का उपाय
- शिव मंदिर में जल चढ़ाएँ, या कुछ सफ़ेद अपने पास रखें।
कल · 6 October 2026
कल भी यही रहेगा — धीमे ग्रह अभी हिले नहीं हैं।
किससे गणना: चंद्र → 12 · शुक्र → 3 · गुरु → 12 · शनि → 8 (भाव)
शुभ रंग: केसरियाअंक: 3
यह राशि है क्या
सिंह राशिचक्र की 5वीं राशि है, जिसका स्वामी सूर्य है। यह अग्नि तत्व की और स्थिर स्वभाव की राशि है — इन्हीं दो बातों से इसका अधिकांश स्वभाव समझ आ जाता है।
अग्नि तत्व की होने के कारण सिंह पहले कर्म, फिर विचार — तेज़, गर्म, देरी से चिढ़ने वाला। स्थिर होने से यह टिकाता है — जो सँभालता है और हिलाया जाना पसंद नहीं करता। इसका स्वामी सूर्य इस पर अपना रंग और चढ़ाता है, और असली कुंडली में स्वामी की स्थिति तय करती है कि इसमें से कितना वास्तव में दिखेगा।
- स्वामी
- सूर्य
- तत्व
- अग्नि
- स्वभाव
- स्थिर
इस राशि के नक्षत्र
- Magha
- Purva Phalguni
- Uttara Phalguni(अगली राशि से साझा)
इसे पढ़ने से पहले एक बात जान लीजिए: वैदिक ज्योतिष में आपकी राशि वह है जहाँ जन्म के समय चंद्रमा था — वह नहीं जो तारीख़ों की सूची से निकलती है। चंद्रमा लगभग सवा दो दिन में राशि बदलता है, इसलिए तारीख़ वाली सूची संयोग से सही होती है, नियम से नहीं — ज़्यादातर लोग जीवन भर ग़लत राशि पढ़ते रहते हैं।
यह राशि है, आपकी कुंडली नहीं
राशिफल एक साथ दुनिया के बारहवें हिस्से के लिए लिखा जाता है। आपकी अपनी कुंडली आपकी तारीख़, सटीक समय और जगह से बनती है — और वह वो बताती है जो कोई राशि-स्तंभ नहीं बता सकता।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
- सिंह राशि का स्वामी कौन है?
- सिंह का स्वामी सूर्य है। कुंडली में सूर्य जहाँ भी बैठा हो, इस राशि के विषय अपने साथ ले जाता है।
- सिंह में कौन-से नक्षत्र आते हैं?
- Magha, Purva Phalguni, Uttara Phalguni — हर नक्षत्र 13°20' का होता है, इसलिए एक राशि में सवा दो नक्षत्र आते हैं और किनारे वाले पड़ोसी राशि से साझा होते हैं।
- क्या मेरी राशि और सन-साइन एक ही हैं?
- इसे पढ़ने से पहले एक बात जान लीजिए: वैदिक ज्योतिष में आपकी राशि वह है जहाँ जन्म के समय चंद्रमा था — वह नहीं जो तारीख़ों की सूची से निकलती है। चंद्रमा लगभग सवा दो दिन में राशि बदलता है, इसलिए तारीख़ वाली सूची संयोग से सही होती है, नियम से नहीं — ज़्यादातर लोग जीवन भर ग़लत राशि पढ़ते रहते हैं।
